परळी पशुचिकित्सा महाविद्यालय के नवीन भवन का भूमिपूजन समारोह संपन्न
बीड जिले के लिये खुशी की सौगात
परळी पशुचिकित्सा महाविद्यालय के नवीन भवन का भूमिपूजन समारोह संपन्न
अत्याधुनिक अधोसंरचना से मराठवाड़ा में पशुचिकित्सा शिक्षा, अनुसंधान और पशु स्वास्थ्य सेवाओं को मिलेगी नई दिशा
परळी वैजनाथ (बीड): स्वतंत्रता दिवस के पावन अवसर पर महाराष्ट्र पशु एवं मत्स्य विज्ञान विश्वविद्यालय, नागपुर के अंतर्गत संचालित पशुचिकित्सा एवं पशुविज्ञान महाविद्यालय, परळी वैजनाथ के नवीन भवन का भूमिपूजन एवं शिलान्यास समारोह गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ। इस महत्त्वाकांक्षी परियोजना का भूमिपूजन महाराष्ट्र की उपमुख्यमंत्री तथा बीड जिले की पालकमंत्री सुनेत्रा पवार के कर-कमलों द्वारा हुआ, जबकि कार्यक्रम की अध्यक्षता पशुपालन एवं पर्यावरण मंत्री पंकजा मुंडे ने की।
अत्याधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित इस नवीन परिसर से विद्यार्थियों को उच्चस्तरीय शैक्षणिक वातावरण के साथ व्यावहारिक प्रशिक्षण के व्यापक अवसर प्राप्त होंगे। साथ ही, क्षेत्र के कृषकों एवं पशुपालकों को आधुनिक पशुचिकित्सा सेवाएं, तकनीकी मार्गदर्शन तथा उन्नत तकनीकों का सीधा लाभ मिलेगा।
ग्रामीण अर्थव्यवस्था और विकास का संवाहक: सुनेत्रा पवार
उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार ने अपने संबोधन में कहा कि पशुधन का स्वास्थ्य ग्रामीण परिवारों की आर्थिक स्थिरता से सीधा जुड़ा है। महाविद्यालय के माध्यम से उपचार, रोग नियंत्रण, टीकाकरण, पशुपोषण और उन्नत प्रजनन प्रबंधन की आधुनिक पद्धतियों का विस्तार होगा। इससे पशुपालकों की उत्पादकता बढ़ेगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह परियोजना केवल एक शैक्षणिक संस्थान नहीं, बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था और पशु संवर्धन के समग्र विकास का सशक्त केंद्र सिद्ध होगी।
अनुसंधान और तकनीक का विस्तार: पंकजा मुंडे
अध्यक्षीय उद्बोधन में पशुपालन एवं पर्यावरण मंत्री पंकजा मुंडे ने कहा कि मराठवाड़ा में उच्च पशुचिकित्सा शिक्षा के विस्तार की दिशा में यह प्रकल्प ऐतिहासिक सिद्ध होगा। इससे विद्यार्थियों को अनुसंधान के नवीन अवसर मिलेंगे और आधुनिक वैज्ञानिक पद्धतियों का लाभ सीधे ग्रामीण क्षेत्रों तक पहुंचेगा।
उज्ज्वल भविष्य का आधार: धनंजय मुंडे
स्थानीय विधायक धनंजय मुंडे ने कहा, “यह शिलान्यास केवल एक भवन की आधारशिला नहीं है, अपितु यह भावी पशुचिकित्सकों के संकल्पों, पशुपालकों के विश्वास और मराठवाड़ा के उज्ज्वल भविष्य की नींव है।”
विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. नितिन पाटील ने स्वागत भाषण में शिक्षा, अनुसंधान और विस्तार की त्रिसूत्री पर प्रकाश डालते हुए इसे ग्रामीण विकास का स्तंभ बताया।
विशिष्ट अतिथियों की गरिमामयी उपस्थिति:
समारोह में विधायक धनंजय मुंडे, पूर्व सांसद डॉ. प्रीतम मुंडे, विधायक नमिता मुंदड़ा, पूर्व विधायक बदामराव पंडित, नगर परिषद अध्यक्ष पद्मश्री बाजीराव धर्माधिकारी सहित पशुपालन सचिव डॉ. एन. रामास्वामी (भा.प्र.से.), जिलाधिकारी विवेक जॉनसन (भा.प्र.से.), पुलिस अधीक्षक नवनीत कावत (भा.पु.से.), मुख्य कार्यकारी अधिकारी जतिन रहमान (भा.प्र.से.), कुलसचिव, अधिष्ठाता डॉ. शिरीष उपाध्ये, विस्तार शिक्षा निदेशक डॉ. एस. डब्ल्यू. बोंडे तथा परियोजना अधिकारी डॉ. प्राणेश येवतीकर उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन एवं धन्यवाद ज्ञापन डॉ. अमोल पाटील ने किया।
