नेशनल ग्रीन यूनिवर्सिटी रैंकिंग-2026′ में वनामकृवि को देश में 18वां स्थान- ‘गोल्ड’ रेटिंग से अलंकृत
ऐतिहासिक उपलब्धि पर 'ग्रीन मेंटर्स' संस्था ने कुलपति प्रो. डॉ. इंद्र मणि को दी बधाई
परभणी:
पर्यावरण संरक्षण, सतत विकास तथा हरित परिसर निर्माण के क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए वसंतराव नाईक मराठवाड़ा कृषि विश्वविद्यालय (वनामकृवि), परभणी ने ‘नेशनल ग्रीन यूनिवर्सिटी रैंकिंग -2026’ में देशभर में 18वां स्थान हासिल किया है। विश्वविद्यालय को 100 में से 91.6 अंक प्राप्त करने पर ‘गोल्ड’ रेटिंग से सम्मानित किया गया है। यह आधिकारिक जानकारी ‘ग्रीन मेंटर्स’ संस्था द्वारा विश्वविद्यालय को प्रेषित पत्र के माध्यम से दी गई।
10 कड़े मापदंडों पर हुआ गहन मूल्यांकन
ग्रीन मेंटर्स द्वारा आयोजित यह रैंकिंग देश के उच्च शिक्षा संस्थानों में सतत विकास, पर्यावरण प्रबंधन तथा हरित पहलों का आकलन करने वाली शीर्ष राष्ट्रीय स्तर की प्रक्रिया है। इसके अंतर्गत निम्नलिखित 10 प्रमुख मापदंडों पर विश्वविद्यालयों का सूक्ष्म मूल्यांकन किया गया:
- सतत प्रशासन (सस्टेनेबल गवर्नेंस) व हरित परिसर
- जैव विविधता एवं जलवायु कार्य योजना (क्लाइमेट एक्शन)
- ऊर्जा दक्षता एवं अनुसंधान व नवोन्मेष
- पाठ्यक्रम में निरंतरता व जल संरक्षण
- अपशिष्ट प्रबंधन, परिवहन एवं समाजोन्मुखी उपक्रम
प्रस्तुत दस्तावेजों, पर्यावरणीय प्रदर्शन तथा प्रमाणों के गहन परीक्षण के उपरांत यह रैंकिंग प्रदान की गई। इस उपलब्धि से विश्वविद्यालय के पर्यावरण-अनुकूल पहलों को राष्ट्रीय मान्यता मिली है, जिससे भविष्य में अंतरराष्ट्रीय शोध सहयोग तथा सम्मेलनों में भागीदारी के नए द्वार खुलेंगे।
“यह संपूर्ण विश्वविद्यालय परिवार के सामूहिक प्रयासों का सुखद परिणाम”- कुलपति
विश्वविद्यालय की इस शानदार सफलता पर माननीय कुलपति प्रो. डॉ.) इंद्र मणि ने हर्ष व्यक्त करते हुए कहा:
“राष्ट्रीय ग्रीन यूनिवर्सिटी रैंकिंग-2026 में देश में 18वां स्थान और ‘गोल्ड’ रेटिंग प्राप्त होना संपूर्ण विश्वविद्यालय परिवार के लिए अत्यंत गौरव का विषय है। यह सम्मान प्राध्यापकों, वैज्ञानिकों, अधिकारियों, कर्मचारियों, विद्यार्थियों एवं पूर्व छात्रों के सामूहिक प्रयासों का फल है। पर्यावरण संरक्षण, जल संरक्षण और ऊर्जा बचत के क्षेत्र में विश्वविद्यालय के निरंतर प्रयासों को यह राष्ट्रीय पहचान मिली है। राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP-2020) के अनुरूप हम आगे भी जलवायु-सक्षम और हरित परिसर के निर्माण हेतु प्रतिबद्ध रहेंगे।”
ग्रीन मेंटर्स ने व्यक्त किया आभार एवं दी शुभकामनाएं
इस उल्लेखनीय उपलब्धि पर ‘ग्रीन मेंटर्स’ संस्था ने माननीय कुलपति प्रो. डॉ. इंद्र मणि, अनुसंधान निदेशक डॉ. भगवान आसेवार, विस्तार शिक्षा निदेशक डॉ. राकेश अहिरे, शिक्षा निदेशक डॉ. बाबासाहेब ठोंबरे, कुलसचिव श्री पुरभा काले, विश्वविद्यालय अभियंता श्री दीपक कशालकर, नियंत्रक श्रीमती भाग्यश्री जाधव सहित सभी संकायाध्यक्षों (डीन), विभागाध्यक्षों, प्राध्यापकों, वैज्ञानिकों, कर्मचारियों एवं विद्यार्थियों को बधाई व शुभकामनाएं प्रेषित की हैं।
