परभणी: परभणी स्थित भीमनगर शाखा के महात्मा फुले विद्यालय में आज, 18 जुलाई 2026 को लोकशाहीर अन्ना भाऊ साठे की पुण्यतिथि के अवसर पर एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रख्यात कथाकार एवं पर्यवेक्षक राजेंद्र गहाळ ने की, जबकि मुख्य अतिथि के रूप में प्रद्युम्न शिंदे और अमरनाथ कसबे उपस्थित थे।
कार्यक्रम का शुभारंभ लोकशाहीर अन्ना भाऊ साठे एवं मराठवाड़ा केसरी स्वर्गीय भाई अन्नासाहेब गव्हाणे के चित्रों पर माल्यार्पण व पूजन के साथ हुआ। इसके पश्चात श्रीमती पंचशिला लहाने ने प्रास्ताविक भाषण प्रस्तुत किया।
समारोह के आरंभिक चरण में विद्यालय के विद्यार्थियों—कु. श्रद्धा कांबळे, कु. मयुरी, कु. धम्ममैत्री सावंत, कु. आलफिया शेख, संविधान सावंत, जलाल शेख और ओंकार ने अपने विचार व्यक्त किए। तत्पश्चात मुख्य अतिथि प्रद्युम्न शिंदे और अमरनाथ कसबे ने साहित्यरत्न अन्ना भाऊ साठे के जीवन एवं उनके संघर्षों पर प्रकाश डाला।
अपने अध्यक्षीय उद्बोधन में कथाकार राजेंद्र गहाळ ने कहा, “अपनी लेखनी और शाहिरी के माध्यम से शोषितों, दलितों और श्रमिकों के जीवन में क्रांति की मशाल जलाने वाले तथा संयुक्त महाराष्ट्र आंदोलन के अग्रदूत लोकशाहीर अन्ना भाऊ साठे का योगदान अतुलनीय है। आज की युवा पीढ़ी को उनके जीवन दर्शन और आदर्शों को आत्मसात करना चाहिए।”
इस अवसर पर उपस्थित गणमान्य अतिथियों के कर-कमलों द्वारा विद्यार्थियों को शैक्षणिक सामग्री वितरित की गई।
कार्यक्रम का सफल संचालन श्रीमती पंचशिला लहाने ने किया तथा आभार प्रदर्शन प्रद्युम्न शिंदे द्वारा किया गया। आयोजन को सफल बनाने में सांस्कृतिक विभाग प्रमुख श्रीमती पंचशिला लहाने, अमरनाथ कसबे सहित अन्य सहयोगियों ने अथक परिश्रम किया।

